अजमेर भाजपा में सोशल मीडिया संग्राम: शहर अध्यक्ष रमेश सोनी की कार्यशैली पर अपनों ने ही उठाए सवाल

कार्यकर्ताओं की उपेक्षा से आहत पूर्व भाजयुमो शहर अध्यक्ष विनीत कृष्ण पारीक की पोस्ट बनी चर्चा का विषय, कमेंट बॉक्स में भी शहर नेतृत्व पर बरसे कार्यकर्ता

अजमेर, 02 अगस्त 2026(न्याय स्तंभ)। भाजपा जहां संगठन को अपनी सबसे बड़ी ताकत बताती है, वहीं अजमेर में संगठन के भीतर बढ़ती नाराजगी अब सोशल मीडिया पर खुलकर दिखाई देने लगी है। शहर अध्यक्ष रमेश सोनी की कार्यशैली को लेकर असंतोष इस कदर बढ़ गया है कि पार्टी के पुराने कार्यकर्ता भी अब सार्वजनिक मंचों पर अपनी पीड़ा जाहिर करने से पीछे नहीं हट रहे हैं।

यह विवाद तब और चर्चा में आ गया, जब भाजपा युवा मोर्चा के तीन बार शहर अध्यक्ष रहे विनीत कृष्ण पारीक ने सोशल मीडिया पर संगठन में कार्यकर्ताओं की उपेक्षा को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने लिखा कि वर्षों से निष्ठावन कार्यकर्ताओ को संगठन के कार्यक्रमों से दूर रखा जा रहा है। उनकी पोस्ट को कई कार्यकर्ताओं ने अपनी भी पीड़ा बताते हुए समर्थन दिया और आरोप लगाया कि शहर संगठन में अब समर्पित कार्यकर्ताओं की जगह चंद लोगों की ही सुनवाई हो रही है।

इधर, शहर अध्यक्ष रमेश सोनी ने भी फेसबुक पर "मेरी कुंडली के छठे भाव में राहु है, यानी शत्रुहंता योग..." जैसी पोस्ट साझा की। संगठन के भीतर चल रही नाराजगी के बीच इस पोस्ट ने चर्चाओं को और हवा दे दी। कई कार्यकर्ता इसे सीधे तौर पर उठ रहे विरोध के जवाब के रूप में देखने लगे, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं है।

रमेश सोनी की पोस्ट के कमेंट बॉक्स में भी कई भाजपा कार्यकर्ताओं ने खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर की। किसी ने शहर अध्यक्ष पर मनमानी करने का आरोप लगाया तो किसी ने पुराने कार्यकर्ताओं की लगातार उपेक्षा का मुद्दा उठाया। सोशल मीडिया पर सामने आई ये प्रतिक्रियाएं इस बात का संकेत दे रही हैं कि नाराजगी केवल एक-दो नेताओं तक सीमित नहीं है, बल्कि संगठन के एक वर्ग में नेतृत्व को लेकर असंतोष पनप रहा है।

सवाल यह भी उठ रहे हैं कि यदि पार्टी के समर्पित कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने के लिए सोशल मीडिया का सहारा लेना पड़े, तो संगठन के भीतर संवाद की स्थिति क्या है? क्या कार्यकर्ताओं की शिकायतें सुनने का कोई मंच बचा है या फिर असहमति जताने वालों को नजरअंदाज करना ही नई कार्यशैली बन गई है?

फिलहाल, अजमेर भाजपा का यह सोशल मीडिया संग्राम राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सबकी निगाहें प्रदेश नेतृत्व पर हैं कि वह शहर अध्यक्ष रमेश सोनी की कार्यशैली को लेकर उठ रहे सवालों और कार्यकर्ताओं की नाराजगी को गंभीरता से लेता है या इसे भी महज फेसबुक की बयानबाजी मानकर छोड़ देता है।

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